भरतपुर में 29 से ज्यादा महिलाओं से 96 लाख की ठगी, ज्वेलरी डिजाइनर और चूड़ी फैक्ट्री के सपने दिखाकर फंसाया
राजस्थान के भरतपुर जिले में महिलाओं के साथ की गई बड़ी ठगी के मामले में चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। 29 से अधिक महिलाओं से करीब 96 लाख रुपये की धोखाधड़ी करने वाले पति-पत्नी ने उन्हें आत्मनिर्भर बनने और मोटा मुनाफा कमाने के सपने दिखाकर जाल में फंसाया था। आरोपियों ने अलग-अलग महिलाओं को अलग-अलग योजनाओं का लालच दिया और उनके भरोसे का फायदा उठाया।
पीड़ित महिलाओं ने बताया कि ठग दंपती ने खुद को प्रशिक्षण और मशीन सप्लाई से जुड़ा बताते हुए संपर्क किया था। किसी महिला को ज्वेलरी डिजाइनर बनाने का झांसा दिया गया, तो किसी को चूड़ी फैक्ट्री खुलवाने का वादा किया गया। इसके अलावा कुछ महिलाओं को साड़ी और सेनेटरी पैड बनाने की मशीन दिलाने का भरोसा दिलाया गया। आरोपियों ने दावा किया कि इन कामों से महिलाएं घर बैठे हर महीने हजारों से लाखों रुपये कमा सकती हैं।
लालच में आकर महिलाओं ने अपनी जमा पूंजी, जेवरात और कुछ मामलों में कर्ज लेकर भी आरोपियों को पैसे दे दिए। शुरुआत में ठग दंपती ने मशीनें जल्दी मिलने और ट्रेनिंग शुरू होने का भरोसा दिलाया, लेकिन बाद में केवल मशीनों के कुछ अधूरे और बेकार पार्ट्स देकर उन्हें टालते रहे। जब महिलाओं ने पूरी मशीन या काम शुरू कराने की बात कही तो आरोपी लगातार बहाने बनाते रहे।
धीरे-धीरे महिलाओं को ठगी का एहसास हुआ। उन्होंने पहले राजीविका से जुड़े अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन आरोप है कि वहां से उन्हें कोई ठोस मदद नहीं मिली। इसके बाद महिलाओं ने पुलिस का रुख किया और सामूहिक रूप से थाने में शिकायत दर्ज करवाई। मामला भरतपुर के पहाड़ी थाना क्षेत्र से जुड़ा है।
इस ठगी का शिकार बनी महिलाओं का कहना है कि उन्हें न केवल आर्थिक नुकसान हुआ है, बल्कि मानसिक रूप से भी भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। कई महिलाएं ऐसी हैं, जिन्होंने अपने परिवार की स्थिति सुधारने और आत्मनिर्भर बनने के सपने देखे थे, लेकिन अब वे कर्ज और तनाव में डूबी हुई हैं।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और ठग पति-पत्नी की तलाश जारी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शिकायतों के आधार पर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं और जल्द ही आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं पीड़ित महिलाएं अपने पैसे की वापसी और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़ी हुई हैं।
