भरतपुर में दशहरे पर रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों का दहन, नुमाइश मैदान में उमड़ी भीड़
राजस्थान के भरतपुर में दशहरे का पर्व उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। शहर के नुमाइश मैदान में रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों का दहन किया गया। बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक इस आयोजन को देखने के लिए सैकड़ों की संख्या में लोग मैदान में पहुंचे। पुतला दहन के दौरान पूरा परिसर लोगों की भीड़ से भरा नजर आया।
पुतला दहन देखने पहुंचे सैकड़ों लोग
दशहरे के अवसर पर नुमाइश मैदान में रावण दहन का कार्यक्रम आयोजित किया गया। रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों को देखने के लिए लोग परिवार के साथ पहुंचे। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में आयोजन को लेकर उत्साह दिखाई दिया। पुतलों के दहन के साथ ही लोगों ने दशहरे का पर्व मनाया और बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश याद किया।
सुरक्षा के लिए पुलिसकर्मी तैनात
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था की गई। नुमाइश मैदान में पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया, ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके और किसी तरह की अव्यवस्था न हो। आयोजन के दौरान पुलिस की मौजूदगी में कार्यक्रम संपन्न कराया गया।
ADM और SDM भी रहे मौजूद
रावण दहन के दौरान प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, एडीएम और एसडीएम सहित प्रशासनिक अधिकारियों ने कार्यक्रम के दौरान व्यवस्थाओं पर नजर रखी। अधिकारियों की मौजूदगी में सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन से जुड़े इंतजाम किए गए।
दशहरे पर दिया गया अच्छाई की जीत का संदेश
दशहरा भारतीय संस्कृति का प्रमुख त्योहार है। मान्यता के अनुसार, भगवान श्रीराम ने इसी दिन रावण का वध किया था। इसी प्रतीक के रूप में हर साल दशहरे पर रावण के पुतले का दहन किया जाता है। भरतपुर में भी आयोजन के जरिए बुराई पर अच्छाई और अधर्म पर धर्म की जीत का संदेश दिया गया।नुमाइश मैदान में आयोजित इस कार्यक्रम में लोगों की भागीदारी ने दशहरे के उत्साह को और बढ़ा दिया। सुरक्षा व्यवस्था के बीच पुतला दहन का आयोजन संपन्न हुआ।
