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केंद्र ने अपने पद का गलत फायदा उठाया’: कांग्रेस जिला संगठन महासचिव बोले- निर्वाचन आयोग पर दबाव डालकर वोट चोरी करवाई

 
केंद्र ने अपने पद का गलत फायदा उठाया’: कांग्रेस जिला संगठन महासचिव बोले- निर्वाचन आयोग पर दबाव डालकर वोट चोरी करवाई

चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर कांग्रेस का विरोध लगातार जारी है। इसी कड़ी में कांग्रेस के जिला संगठन महासचिव ने केंद्र सरकार और निर्वाचन आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र ने अपने पद और प्रभाव का गलत फायदा उठाया और निर्वाचन आयोग पर दबाव डालकर कथित तौर पर वोट चोरी करवाई गई।

कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची में बदलाव की प्रक्रिया को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। उनका कहना है कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में मतदाता सूची बेहद महत्वपूर्ण होती है और किसी भी पात्र मतदाता का नाम गलत तरीके से हटाया जाना गंभीर विषय है। कांग्रेस इसी मुद्दे को लेकर लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है।

निर्वाचन आयोग पर दबाव का लगाया आरोप

कांग्रेस जिला संगठन महासचिव ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने निर्वाचन आयोग पर दबाव बनाया और चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता मतदाताओं के अधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा के लिए आवाज उठा रहे हैं।

कांग्रेस देशभर में ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान के तहत प्रदर्शन कर रही है। पार्टी का आरोप है कि SIR के दौरान मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए गए और इससे पात्र मतदाताओं के सामने परेशानी खड़ी हो सकती है। कांग्रेस ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग भी उठाई है।

‘वोट चोरी’ के आरोपों को लेकर आंदोलन

कांग्रेस नेताओं का कहना है कि मतदाता सूची में पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए। पार्टी लगातार मांग कर रही है कि जिन मतदाताओं के नाम किसी गलती के कारण सूची से हटे हैं, उन्हें दोबारा जोड़ा जाए। कांग्रेस ने SIR की प्रक्रिया को लेकर भी सवाल उठाए हैं।

हाल के दिनों में राजस्थान समेत कई राज्यों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन किए हैं। जयपुर में भी कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच टकराव की स्थिति बनी थी। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोका था।

चुनाव आयोग और बीजेपी ने आरोपों को खारिज किया

दूसरी ओर, निर्वाचन आयोग ने SIR से जुड़े आरोपों का बचाव करते हुए कहा है कि मतदाता सूची को दुरुस्त करने की प्रक्रिया में मृत, स्थानांतरित और डुप्लीकेट मतदाताओं जैसे मामलों की पहचान की जाती है। आयोग ने यह भी कहा है कि पात्र मतदाताओं के नाम शामिल करने के लिए प्रक्रिया उपलब्ध है।

बीजेपी ने भी कांग्रेस के आरोपों को खारिज किया है। पार्टी नेताओं का कहना है कि विपक्ष चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था पर सवाल उठाकर राजनीतिक माहौल बनाने की कोशिश कर रहा है। बीजेपी ने कांग्रेस से आरोपों के बजाय चुनावी प्रक्रिया में विश्वास रखने की अपील की है।

आंदोलन जारी रखने की चेतावनी

कांग्रेस नेताओं ने कहा है कि मतदाता सूची और SIR से जुड़े मुद्दों पर उनका आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। पार्टी का कहना है कि वह बूथ स्तर से लेकर जिला और प्रदेश स्तर तक मतदाताओं को जागरूक करेगी।

कांग्रेस के मुताबिक, उसका मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची में पारदर्शिता सुनिश्चित करना और पात्र मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा करना है। वहीं, निर्वाचन आयोग और बीजेपी के जवाब के बाद अब इस राजनीतिक विवाद के बीच आगे की प्रक्रिया और आयोग के फैसलों पर नजर रहेगी।