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बाड़मेर में तीसरी बार बम धमकी से हड़कंप, प्रधान डाकघर और पासपोर्ट कार्यालय को ई-मेल से मिली चेतावनी

 
बाड़मेर में तीसरी बार बम धमकी से हड़कंप, प्रधान डाकघर और पासपोर्ट कार्यालय को ई-मेल से मिली चेतावनी

राजस्थान के Barmer में सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देने वाली एक बड़ी घटना सामने आई है। शहर के प्रधान डाकघर (पोस्ट ऑफिस) और पासपोर्ट कार्यालय को लगातार तीसरी बार बम से उड़ाने की धमकी मिलने से प्रशासन में हड़कंप मच गया है। इस बार भी धमकी अज्ञात ई-मेल के माध्यम से भेजी गई है, जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत अलर्ट मोड पर आ गई हैं।

धमकी भरा ई-मेल मिलने की सूचना जैसे ही संबंधित विभागों को मिली, तत्काल प्रभाव से दोनों कार्यालयों में मौजूद कर्मचारियों और आम नागरिकों को बाहर निकाला गया और पूरे परिसर को खाली करा दिया गया। इसके बाद पुलिस और सुरक्षा बलों ने इलाके को घेर लिया और जांच शुरू कर दी।

सूचना मिलते ही बम निरोधक दस्ता (Bomb Disposal Squad) और डॉग स्क्वायड की टीम भी मौके पर पहुंची और दोनों कार्यालय परिसरों की गहन तलाशी ली गई। हालांकि शुरुआती जांच में किसी भी संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री के मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां पूरी सतर्कता के साथ जांच में जुटी हुई हैं।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह मामला गंभीरता से लिया जा रहा है क्योंकि एक ही स्थान को लगातार तीसरी बार इसी तरह की धमकी मिलना चिंता का विषय है। साइबर सेल को ई-मेल की तकनीकी जांच और आईपी ट्रैकिंग का जिम्मा सौंपा गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि धमकी किस स्थान से और किसने भेजी है।

प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, यह मामला शरारती तत्वों या साइबर फर्जीवाड़े से जुड़ा हो सकता है, लेकिन किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है। अधिकारियों ने कहा है कि जांच पूरी होने तक सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है।

लगातार मिल रही धमकियों के कारण स्थानीय लोगों और कार्यालय कर्मचारियों में दहशत का माहौल बना हुआ है। लोग इस तरह की घटनाओं को गंभीर सुरक्षा चुनौती के रूप में देख रहे हैं और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी और दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें।

फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है और सुरक्षा एजेंसियां हर पहलू को ध्यान में रखते हुए तकनीकी साक्ष्य जुटाने में लगी हुई हैं।