बांसवाड़ा में सरकारी कर्मचारियों से साढ़े 5 करोड़ की वसूली, खाद्य सुरक्षा योजना का गलत लाभ उठाने का आरो
बांसवाड़ा जिले में खाद्य सुरक्षा योजना में कथित अनियमितताओं के चलते प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। जिले के अधिकारीयों ने बताया कि सरकारी कर्मचारियों द्वारा योजना का गलत तरीके से लाभ उठाने के आरोपों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इन अनियमितताओं के कारण सरकारी खजाने से साढ़े 5 करोड़ रुपए की राशि की वसूली की जाएगी।
जिले के डीएसओ (डिप्टी सप्लाई ऑफिसर) ने कहा कि इस मामले की पूरी गहन जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना का लाभ केवल वास्तविक पात्र लाभार्थियों तक पहुंचना चाहिए, लेकिन कुछ कर्मचारियों द्वारा इसका दुरुपयोग किया गया।
अधिकारियों के अनुसार, खाद्य सुरक्षा योजना के तहत लोगों को अनाज और अन्य आवश्यक वस्तुएं निर्धारित दरों पर मिलती हैं। हालांकि, जांच में यह सामने आया कि कुछ सरकारी कर्मचारियों ने अपने नाम से लाभ उठाया या लाभार्थियों की संख्या में हेराफेरी की। ऐसे मामलों में योजना का सही उद्देश्य प्रभावित होता है और सरकारी धन का नुकसान होता है।
डीएसओ ने यह भी कहा कि दोषियों की पहचान के बाद वसूली प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। साथ ही भविष्य में इस तरह के मामलों को रोकने के लिए योजना की ऑडिटिंग और निगरानी प्रणाली को और मजबूत किया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी सरकारी योजना का दुरुपयोग गंभीर अपराध है और इसके लिए सख्त कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय प्रशासन ने जनता और कर्मचारियों से अपील की है कि वे विनियम और नीतियों का पालन करें। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार और अनियमितताओं पर शून्य सहनशीलता नीति लागू है और किसी भी प्रकार का दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
