पंचायत चुनाव में एक ही प्रक्रिया में EVM और बैलेट पेपर दोनों का इस्तेमाल: जिला परिषद-पंचायत समिति के लिए EVM, सरपंच-वार्ड पंच के लिए बैलेट पेपर
पंचायत चुनाव को लेकर इस बार मतदान की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। ग्रामीण क्षेत्रों के मतदाताओं को एक ही चुनाव प्रक्रिया के दौरान ईवीएम और बैलेट पेपर दोनों का इस्तेमाल करना होगा। जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव ईवीएम के माध्यम से कराए जाएंगे, जबकि सरपंच और वार्ड पंच के पदों के लिए मतदाता बैलेट पेपर से अपना वोट डालेंगे।
इस व्यवस्था के चलते पंचायत चुनाव में मतदान करने वाले मतदाताओं को अलग-अलग पदों के लिए दो तरह की मतदान प्रक्रिया से गुजरना होगा। चुनाव प्रक्रिया को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से तैयारियां की जा रही हैं। मतदान केंद्रों पर ईवीएम के साथ बैलेट पेपर से मतदान कराने की व्यवस्था भी की जाएगी।
जिला परिषद और पंचायत समिति के लिए EVM
पंचायत चुनाव में जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव के लिए ईवीएम का इस्तेमाल किया जाएगा। मतदाता इन पदों के लिए इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन पर अपने पसंदीदा उम्मीदवार के चुनाव चिह्न के सामने बटन दबाकर मतदान करेंगे।
ईवीएम के इस्तेमाल से मतदान और मतगणना की प्रक्रिया को सुगम बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है। साथ ही वोटों की गिनती के दौरान भी इलेक्ट्रॉनिक तरीके से दर्ज मतों का इस्तेमाल किया जाएगा।
सरपंच और वार्ड पंच के लिए बैलेट पेपर
दूसरी ओर, सरपंच और वार्ड पंच के चुनाव में परंपरागत बैलेट पेपर के जरिए मतदान कराया जाएगा। इन पदों के लिए मतदाताओं को बैलेट पेपर दिया जाएगा, जिस पर उम्मीदवारों के नाम और चुनाव चिह्न होंगे। मतदाता निर्धारित तरीके से अपनी पसंद के उम्मीदवार के सामने मुहर लगाकर वोट करेंगे और बैलेट पेपर को मतपेटी में डालेंगे।
इसका मतलब है कि पंचायत चुनाव में एक ही मतदान केंद्र पर अलग-अलग पदों के लिए मतदान की दो व्यवस्थाएं मौजूद रहेंगी।
मतदाताओं को पहले से दी जाएगी जानकारी
ईवीएम और बैलेट पेपर दोनों से मतदान होने के कारण चुनाव कर्मचारियों की जिम्मेदारी भी बढ़ेगी। मतदान केंद्रों पर मतदाताओं को यह स्पष्ट जानकारी देनी होगी कि किस पद के लिए किस माध्यम से वोट डालना है। प्रशासन की ओर से मतदान कर्मियों को भी इसी के अनुसार प्रशिक्षण दिया जाएगा।
ग्रामीण क्षेत्रों में मतदाताओं को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए मतदान प्रक्रिया की जानकारी पहले से उपलब्ध कराने पर जोर रहेगा। खासतौर पर पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं को ईवीएम और बैलेट पेपर से जुड़े नियम समझाना जरूरी होगा।
पंचायत चुनाव की तैयारियां तेज
राज्य में पंचायत चुनाव को लेकर प्रशासनिक तैयारियां लगातार आगे बढ़ रही हैं। चुनाव में जिला परिषद, पंचायत समिति, सरपंच और वार्ड पंच के पदों के लिए अलग-अलग स्तर पर मतदान कराया जाएगा। आरक्षण प्रक्रिया और चुनाव कार्यक्रम से जुड़ी तैयारियों के साथ मतदान केंद्रों की व्यवस्थाएं भी तय की जा रही हैं।
इस बार एक ही चुनाव प्रक्रिया में ईवीएम और बैलेट पेपर दोनों के इस्तेमाल के कारण पंचायत चुनाव पहले की तुलना में अलग नजर आएगा। मतदाताओं के लिए सबसे जरूरी बात यह होगी कि वे मतदान केंद्र पर सभी पदों के लिए निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार ही अपना वोट दर्ज करें।
