अजमेर में ठंड से राहत के लिए अस्थायी रैन बसेरा, मल्टी स्टोरी पार्किंग की दूसरी मंजिल पर 200 लोगों के ठहरने की व्यवस्था
शहर में बढ़ती सर्दी को देखते हुए प्रशासन ने जरूरतमंदों को राहत देने के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जेएलएन अस्पताल के पीडियाट्रिक ब्लॉक के पास संचालित मल्टी स्टोरी पार्किंग की दूसरी मंजिल को अस्थायी रैन बसेरे के रूप में उपयोग में लिया जाएगा। यहां एक साथ करीब 200 लोगों के ठहरने की व्यवस्था की गई है।
नगर निगम और जिला प्रशासन के संयुक्त प्रयास से इस अस्थायी रैन बसेरे को तैयार किया गया है, ताकि ठंड के मौसम में खुले आसमान के नीचे रहने वाले बेसहारा और जरूरतमंद लोगों को सुरक्षित स्थान मिल सके। प्रशासन का कहना है कि रात के समय तापमान में गिरावट को देखते हुए यह व्यवस्था की गई है।
अधिकारियों के अनुसार, रैन बसेरे में ठहरने वाले लोगों के लिए बिस्तर, कंबल और स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था की जा रही है। इसके साथ ही साफ-सफाई और सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे। जरूरत पड़ने पर प्राथमिक चिकित्सा की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि किसी को स्वास्थ्य संबंधी परेशानी न हो।
जेएलएन अस्पताल के नजदीक होने के कारण आपात स्थिति में मरीजों और उनके परिजनों को भी इस रैन बसेरे का लाभ मिल सकेगा। अस्पताल में इलाज के लिए दूर-दराज से आने वाले मरीजों के साथ आए परिजन अक्सर ठंड में खुले में रहने को मजबूर हो जाते हैं। ऐसे में यह अस्थायी रैन बसेरा उनके लिए बड़ी राहत साबित होगा।
नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि रैन बसेरे का संचालन रात के समय किया जाएगा और इसके लिए कर्मचारियों की तैनाती भी की गई है। सामाजिक संगठनों और स्वयंसेवी संस्थाओं का भी सहयोग लिया जा रहा है, ताकि व्यवस्था सुचारू रूप से चल सके।
प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि यदि उन्हें कोई भी व्यक्ति ठंड में खुले में सोता हुआ नजर आए, तो उसकी सूचना नगर निगम या संबंधित अधिकारियों को दें, ताकि उसे रैन बसेरे तक पहुंचाया जा सके। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सर्दी के दौरान किसी भी जरूरतमंद को बिना सहारे नहीं छोड़ा जाएगा।
फिलहाल, मल्टी स्टोरी पार्किंग की दूसरी मंजिल को अस्थायी रैन बसेरे में बदलने की तैयारी पूरी कर ली गई है और इसे जल्द ही आमजन के लिए खोल दिया जाएगा।
