अजमेर में विवाहिता ने लगाया मोबाइल नंबर वायरल कर प्रताड़ित करने का आरोप, रेप केस में समझौते का दबाव बनाने की शिकायत
राजस्थान के अजमेर जिले में एक विवाहिता ने सोशल मीडिया के जरिए उसका मोबाइल नंबर वायरल कर मानसिक प्रताड़ना देने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि नंबर सार्वजनिक किए जाने के बाद उसे लगातार अश्लील कॉल, धमकियां और आपत्तिजनक संदेश मिल रहे हैं। उसने आरोप लगाया कि यह सब पहले से दर्ज एक रेप मामले में समझौते का दबाव बनाने के लिए सुनियोजित तरीके से किया जा रहा है।
पीड़िता के अनुसार, मोबाइल नंबर सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद उसकी निजी जिंदगी बुरी तरह प्रभावित हो गई है। दिन-रात अज्ञात लोगों के फोन आ रहे हैं, जिनमें अश्लील बातें की जाती हैं और मानसिक रूप से परेशान करने की कोशिश की जा रही है। इसके साथ ही उसे धमकियां भी दी जा रही हैं।
महिला का आरोप है कि यह पूरा घटनाक्रम उसे डराने और पहले दर्ज कराए गए दुष्कर्म के मामले में समझौता करने के लिए मजबूर करने की मंशा से किया गया है। उसने संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस सोशल मीडिया पर नंबर वायरल करने वाले लोगों की पहचान करने और कॉल करने वालों का रिकॉर्ड खंगालने में जुटी है। साथ ही मोबाइल नंबर से जुड़े डिजिटल साक्ष्य भी जुटाए जा रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच साइबर एंगल से भी की जा रही है। यदि जांच में यह साबित होता है कि किसी ने जानबूझकर महिला का नंबर सार्वजनिक कर उसे प्रताड़ित किया है, तो संबंधित आरोपियों के खिलाफ सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी और दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल पीड़िता के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
