पीसांगन में कुत्तों के हमले का शिकार हुए डेढ़ महीने के मासूम की इलाज के दौरान मौत, क्षेत्र में शोक की लहर
अजमेर जिले के पीसांगन क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां महज डेढ़ महीने के एक नवजात बच्चे पर आवारा कुत्तों ने हमला कर दिया था। गंभीर रूप से घायल बच्चे को इलाज के लिए अजमेर के जेएलएन अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां चार दिनों तक जीवन और मृत्यु के बीच संघर्ष करने के बाद मंगलवार सुबह करीब 7 बजे उसकी मौत हो गई।
यह घटना लगभग डेढ़ महीने पहले हुई थी, जब बच्चा घर के आसपास मौजूद था। उसी दौरान आवारा कुत्तों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया। इस हमले में मासूम गंभीर रूप से घायल हो गया और उसे तुरंत स्थानीय लोगों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया। प्रारंभिक स्थिति इतनी नाजुक थी कि डॉक्टरों ने उसे वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा था।
चार दिनों तक डॉक्टरों की टीम लगातार प्रयास करती रही, लेकिन बच्चे की हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। आखिरकार मंगलवार सुबह उसने दम तोड़ दिया। इस दुखद खबर के बाद परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उनका कहना है कि प्रशासन द्वारा आवारा कुत्तों की समस्या को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, जिसके चलते यह भयावह घटना घटित हुई। स्थानीय लोगों ने भी इस घटना पर गहरा आक्रोश जताते हुए कहा कि क्षेत्र में आवारा कुत्तों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
घटना के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इलाके में आवारा कुत्तों पर नियंत्रण के लिए तत्काल अभियान चलाया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। लोगों का कहना है कि छोटे बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा अब गंभीर चिंता का विषय बन चुकी है।
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, बच्चे को गंभीर अवस्था में लाया गया था और उसे बचाने के लिए हर संभव प्रयास किए गए, लेकिन चोटें अत्यधिक गंभीर होने के कारण उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।
इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है और एक बार फिर शहरों व गांवों में बढ़ते आवारा जानवरों की समस्या पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस समस्या पर ध्यान दिया जाता तो शायद इस मासूम की जान बचाई जा सकती थी।
फिलहाल प्रशासन की ओर से मामले पर संज्ञान लेने की बात कही गई है, लेकिन इस दर्दनाक हादसे ने एक परिवार से उनका मासूम छीन लिया और पूरे समाज को सोचने पर मजबूर कर दिया है।
